प्रेरणादायक कविता

चलते रहना

रात अगर लंबी हो जाए,
दीपक बनकर जलते रहना।
रास्ते चाहे रूठ भी जाएँ,
पाँव भरोसे चलते रहना।

हार नहीं अंतिम सच है,
सपनों में भी शक्ति रहे।
मन के भीतर सूरज रखो,
अँधियारा फिर टिक न सके।

लेखक के बारे में

कबीर वर्माभोपाल

जीवन दर्शन और प्रेरक रचनाओं के लिए जाने जाते हैं।

इसी तरह की अन्य कविताएँ

Comments